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मोदी सरकार में हो रहा मिथिला क्षेत्र में ऐतिहासिक विकास के कार्य : सांसद गोपालजी ठाकुर

 

डेस्क: कोलकाता के दौरे पर आए बिहार के दरभंगा से भाजपा सांसद गोपालजी ठाकुर ने कहा कि पूर्व की कांग्रेस सरकारों ने मिथिला क्षेत्र (उत्तर बिहार) के साथ हमेशा सौतेला व्यवहार किया, लेकिन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी मिथिला के लोगों एवं हमारी संस्कृति से अगाध प्रेम करते है। उन्होंने कहा कि 2014 में केंद्र की सत्ता में मोदी सरकार के आने के बाद से आज मिथिला क्षेत्र में ऐतिहासिक विकास के कार्य हो रहे हैं। भाजपा सांसद ने कहा कि जिस चीज की कल्पना भी कभी मिथिलावासी नहीं करते थे, आज देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में वह कार्य धरातल पर हो रहा है।कोलकाता से सटे हावड़ा के लिलुआ में विद्यापति जनकल्याण चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा रविवार को आयोजित बाबा विद्यापति के दसवें वार्षिकोत्सव पर्व समारोह में सम्मिलित हुए सांसद श्री ठाकुर ने इस मौके पर लोगों को संबोधित करते हुए मिथिला क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों की उपलब्धियां गिनाई। उन्होंने कहा आज मिथिला के दरभंगा में एम्स, एयरपोर्ट, सुपर स्पेशलिटी अस्पताल, तारामंडल, आईटी पार्क, आमस- दरभंगा एक्सप्रेस वे सड़क, दरभंगा रेलवे स्टेशन को अंतरराष्ट्रीय स्टेशन बनाने, कोसी रेल महासेतु , जयनगर कुर्था नई रेल लाइन प्रारंभ करने, उच्चैठ भगवती से महिषी तारा भगवती को जोड़ने हेतु देश का सबसे लंबा पुल एवं सड़क निर्माण, राम जानकी सर्किट, पूसा एग्रीकल्चर विश्वविद्यालय को केंद्रीय विद्यालय का दर्जा देने, पुनौरा धाम का सौंदर्यीकरण, अयोध्या से जनकपुर रामायण सर्किट से जोड़ने, दरभंगा- समस्तीपुर रेल दोहरीकरण एवं विद्युतीकरण, मखाना के विकास हेतु दस हजार करोड़ रुपये देने, सीबीएसइ पाठ्यक्रम में मैथिली को शामिल करने सहित कई ऐतिहासिक कार्य इस एनडीए शासनकाल में हो रहा है।

मिथिला का विकास सिर्फ एनडीए शासनकाल में ही हुआ है

सांसद ने जोर देकर कहा कि मिथिला का विकास सिर्फ एनडीए के शासन काल में ही हुआ है। उन्होंने कहा कि जब अटल बिहारी वाजपेयी प्रधानमंत्री बने थे तो उन्होंने मैथिली को संविधान की अष्टम अनुसूची में शामिल करने का ऐतिहासिक कार्य किया था। इसके अलावा कई दशकों से दो भागों में विभक्त मिथिला को कोशी महासेतु बनाकर जोड़ने के कार्य की नींव भी रखे थे। सांसद ने कहा कि जिस फोर लेन एनएच सड़क ने मिथिलावासियों के जिंदगी को आसान बना दिया है, वह भी वाजपेयी जी की ही देन है।

दरभंगा एयरपोर्ट के शुरू होने से लोगों को हो रही काफी सुविधा

सांसद ने आगे कहा कि कोलकाता में रह रहे मिथिला के लोग दरभंगा एयरपोर्ट शुरू हो जाने एवं कोलकाता- दरभंगा हवाई सेवा से जुड़ जाने से काफी हर्षित है। इससे लोगों को काफी सुविधाएं हो रही है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही केंद्र सरकार द्वारा दरभंगा एयरपोर्ट का नामकरण भी कविपति विद्यापति के नाम पर कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि इसके लिए बिहार सरकार की ओर से भी प्रस्ताव भेजा जा चुका है और वे खुद भी इसको लेकर पीएम व केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री से मिल चुके हैं।

Prime-Minister-Modi-has-great-love-for-the-people-and-culture-of-Mithila-said-Darbhanga-MP-Gopalji-Thakur

 

मिथिला विद्वानों और विदुषियों की भूमि, पीएम भी रहते हैं उत्सुक

इस समारोह के मौके पर पवन झा के नेतृत्व में आयोजन समिति द्वारा सांसद को मिथिला की परंपरा अनुसार पाग, चादर, माला व विद्यापति की तस्वीर देकर सम्मानित किया गया। इस दौरान, हम मैथिल छी मिथिलावासी पाग हमर पहचान छी वाक्य के साथ वहां उपस्थित हजारों लोगों संबोधित करते हुए सांसद ठाकुर ने कहा कि मिथिला विद्वानों और विदुषियों की भूमि है। हम सभी सौभाग्यशाली हैं कि हमारा जन्म मिथिला की पवित्र भूमि पर हुआ है। उन्होंने कहा कि मिथिला और मैथिली हमारा संस्कार, संस्कृति और अभिमान है। हमारी संस्कृति, संस्कार, वेशभूषा, खानपान, गीत संगीत दुनिया में सबसे अलग और ऐतिहासिक है और आज संपूर्ण विश्व में प्रचलित है। उन्होंने कहा कि मिथिला का पान, माछ, मखाना, मिथिला पेंटिंग आज विश्वप्रसिद्ध है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी स्वयं मिथिला के इतिहास, धरोहर, खानपान, संस्कृति सहित सभी चीजों को जानने के इच्छुक रहते हैं। प्रधानमंत्री ने हमारी आन बान शान ‘पाग’ पर डाक टिकट भी जारी कर आठ करोड़ मिथिलावासियों को गौरवान्वित करने का कार्य किए है।

विद्यापति मिथिला ही नहीं संपूर्ण विश्व के धरोहर

सांसद ठाकुर ने आगे कहा कि महाकवि बाबा विद्यापति मिथिला ही नहीं अपितु संपूर्ण विश्व के धरोहर और भारतीय संस्कृति के पुरोधा थे। उन्होंने कहा कि विद्यापति के यहां भगवान शिव स्वयं उगना के रूप में अवतरित होकर नौकर का कार्य किए थे। सांसद ने कहा कि आज भी मिथिला की सुबह बाबा की दुर्लभ रचना एवं उनके द्वारा रचित गीत के साथ ही होता है। पूरे मिथिला में आज भी सभी कार्यक्रमों की शुरुआत बाबा विद्यापति के ही गीत से करने की परंपरा है। सांसद ने कहा कि मिथिला वह महान धरती है जहां भगवान श्रीराम भी खुद को आने से नहीं रोक पाए थे। उन्होंने ने कहा जिस तरह काशी भारत की आध्यात्मिक राजधानी है उसी प्रकार मिथिला देश की सांस्कृतिक राजधानी है।उन्होंने कहा कि जब तक मिथिला और मैथिली का सर्वांगीण विकास नहीं होगा, तब देश का विकास अधूरा रहेगा। कार्यक्रम में विद्यापति चैरिटेबल ट्रस्ट की तरफ से युगल किशोर झा, नितेश कुमार झा गुड्डू समेत अन्य सदस्य व पदाधिकारीगण मौजूद रहे।

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